पथरी के कारण लक्षण व उपचार

पथरी के कारण लक्षण व उपचार

आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में हम भोजन के ऊपर इतना ध्यान नहीं देते और सही से समय पर भोजन भी नहीं कर पाते जिन से हमारे शरीर में कई प्रकार की समस्याएं उत्पन्न होने लगती है और इसी तरह से हमारे शरीर में पथरी की समस्या भी उत्पन्न हो जाती है जो कि एक खतरनाक बीमारी है इस समस्या के उत्पन्न होने से रोगी को असहनीय दर्द होता है और यह बीमारी आजकल के लगभग सभी लोगों में उत्पन्न हो रही है तो आज के इस ब्लॉग में हम इसी समस्या को जड़ से खत्म करने के उपाय इसके लक्षण कारण और घरेलू उपचार आदि के बारे में बताएंगे

पथरी क्या है यह कैसे बनती है

पथरी एक ऐसी खतरनाक बीमारी या समस्या है जो कि रोगी को असहनीय दर्द देती है जब हमारे शरीर में हमारे भोजन से निकलने वाले दूषित पदार्थ हमारे शरीर में ही जमा होने लगते हैं तब इस समस्या को पथरी कहा जाता है वैसे इस समस्या को अलग-अलग रूप से दर्शाया गया है यह हमारे शरीर में मिनरल एंड नमक के मेल से बनती है जो कि बिल्कुल छोटे बारिक मिट्टी के कण से लेकर निम्बू के साइज की भी हो सकती है और यह हमारे गुर्दे में उत्पन्न होती है लेकिन कई लोगों में है पित्त की थैली में भी उत्पन्न हो जाती है

वैसे तो रोगी के शरीर से दवाइयों के साथ पथरी को साफ किया जा सकता है लेकिन कई बार यह बड़े साइज की होती है जो कि दवाइयों से साफ नहीं होती और इस स्थिति में रोगी के शरीर से पथरी को ऑपरेशन की सहायता से निकाला जाता है लेकिन कई बार यह समस्या रोगी के शरीर में बार-बार उत्पन्न होने लगती है यह एक ऐसी समस्या है जिससे आजकल के लगभग 50% लोग शिकार हो चुके हैं यह रोग ज्यादातर मोटी महिलाओं में उत्पन्न होता है जिनकी उम्र लगभग 35 साल से ऊपर होती है लेकिन आजकल की तेजी से बदलते हुए खान-पान के कारण यह रोग कम उम्र के महिला या पुरुषों में भी देखा जा रहा है

पथरी के कारण

किसी भी इंसान के शरीर में पथरी के उत्पन्न होने के पीछे सबसे ज्यादा उसके खानपान का ही हाथ होता है लेकिन इसके अलावा भी इस समस्या के और कई कारण हो सकते हैं जैसे ज्यादा हरी पत्तेदार सब्जियों का सेवन करना, ज्यादा चकुंदर, पालक, शकरकंद ड्राई फ्रूट आदि का सेवन करना, ज्यादा तले भुने हुए व मिर्च मसालेदार भोजन का सेवन करना, ज्यादा बीज वाले फलों व सब्जियों का सेवन करना जैसे अमरुद,

टमाटर, बैंगन आदि ज्यादा, दूषित भोजन का सेवन करना, ज्यादा धूल भरे क्षेत्र में काम करना, लंबे समय तक पत्थर या चट्टान में काम करना, शारीरिक परिश्रम न करना, पित्ताशय का सोथ होना, पित्त के मार्ग में रुकावट आना आदि इस समस्या के बहुत सारे कारण होते हैं

पथरी के लक्षण

जब किसी इंसान के शरीर में पथरी उत्पन्न होती है तब उसके कुछ लक्षण दिखाई देते हैं जैसे रोगी के पेट में दाहिनी और तेज दर्द होना, दर्द शुरू में हल्का व् बाद में बढ़ते रहना, रोगी के पेट में हल्का दर्द होना, इसके साथ ही उल्टी आना,रोगी के शरीर में एकदम पसीना आना,जी मचलना, दर्द रुक रुक के तेजी से दोबारा शुरू होना, दर्द असहनीय होना वह चीखने चिल्लाने का मन करना,

रोगी के मूत्र मार्ग में असहनीय दर्द होना, रोगी का मूत्र बंद हो जाना, रोगी को हल्का बुखार व सिर दर्द होना, भूख प्यास ना लगना, थकावट आलस होना, रोगी को बेचैनी होना,रोगी के मूत्र में खून आना, रोगी के मूत्र में गंध आना, बार-बार पेशाब करने की इच्छा होना लेकिन मूत्र न आना लेकिन इसके अलावा भी समस्या में कई और लक्षण देखने को मिल सकते हैं

क्या-क्या करना चाहिए

  • रोगी को ज्यादा से ज्यादा पानी पीना चाहिए इससे रोगी के शरीर की सफाई होगी रोगी को दिन में लगभग 4 से 6 लीटर तक पानी पीना चाहिए
  • रोगी को ज्यादा से ज्यादा जूस वह तरल पदार्थों का सेवन करना चाहिए
  • रोगी को अपने भोजन में काले नमक का इस्तेमाल करना चाहिए
  • रोगी को नींबू के रस और ऑलिव के तेल का सेवन करना चाहिए
  • रोगी को लक्षण दिखाई देते ही तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए वह झाड़-फूंक में विश्वास नहीं करना चाहिए
  • अगर रोगी को पित्त की थैली में पथरी हो जाती है तब उसको तुरंत सर्जरी करवानी चाहिए

क्या नहीं करना चाहिए

  • रोगी को लक्षण दिखाई देते ही तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए
  • रोगी को ज्यादा मिर्च मसालेदार वह तले हुए भोजन का सेवन नहीं करना चाहिए
  • रोगी को ज्यादा बीज वाले फल व सब्जियों का सेवन नहीं करना चाहिए
  • रोगी को ज्यादा एलोपैथिक दवाओं का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए
  • रोगी को ज्यादा से ज्यादा कैल्शियम से भरपूर खाद्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए
  • रोगी को ज्यादा खट्टे पदार्थों का सेवन नहीं करना चाहिए जैसे नींबू संतरा खटाई आदि
  • रोगी को अपने शरीर में कब्ज की समस्या उत्पन्न नहीं होने देनी चाहिए
  • रोगी को अपने शरीर में पानी की कमी नहीं होने देनी चाहिए

पथरी के नुकसान

  • अगर इस समस्या का समय पर इलाज न करवाए जाए तो यह समस्या दूसरी कई रोगों को जन्म दे सकती है
  • समय पर इलाज न होने से रोगी को बहुत तेज दर्द होता है जिससे रोगी मानसिक व शारीरिक रूप से कमजोर होने लगता है
  • रोगी का मूत्र बंद होने से रोगी को मूत्र करने में दिक्कत होगी या उसको मूत्र करते समय बहुत तेज दर्द होगा
  • रोगी का मूत्र बंद होने से शरीर में संक्रमण फैलने की आशंका होने लगती है या रोगी के गुप्तांग में संक्रमण हो सकता है
  • लंबे समय तक पथरी का इलाज न होने से रोगी के गुर्दे में खिंचाव आ सकता है जिससे उसको आगे चलकर कई परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है
  • अगर किसी रोगी के किडनी में पथरी होती है तब लंबे समय तक इलाज न होने से रोगी की किडनी खराब हो सकती है

लेकिन फिर भी अगर किसी इंसान के शरीर में पथरी की समस्या उत्पन्न हो जाती है तब उसको तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए और डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए या आप कुछ आयुर्वेदिक औषधियों व दवाइयों का भी इस्तेमाल करके इस समस्या से बहुत ही आसानी से छुटकारा पा सकते हैं जिनके बारे में हमने आपको नीचे बताया है इन सभी को आप डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही इस्तेमाल करें

पथरी के लक्षण पथरी की देशी दवा केले से पथरी का इलाज बियर से पथरी का इलाज पथरी के कारण कौन सा रोग होता है महिलाओं में पथरी के लक्षण क्या पथरी जानलेवा है गुर्दे की पथरी के नुकसान

Leave A Reply

Your email address will not be published.